नई दिल्ली। भारत में मेट्रो रेल नेटवर्क का तेजी से विस्तार हो रहा है। देश में नए मेट्रो कॉरिडोर लगातार शुरू किए जा रहे हैं, जबकि मौजूदा मार्गों का भी विस्तार किया जा रहा है। इसी रफ्तार के चलते भारत का मेट्रो नेटवर्क अब करीब 1,170 किलोमीटर तक पहुंच गया है।

केंद्रीय आवास एवं शहरी कार्य मंत्री मनोहर लाल के मुताबिक, भारत जिस तेजी से मेट्रो नेटवर्क का विस्तार कर रहा है, उसे देखते हुए अगले दो वर्षों में अमेरिका को पीछे छोड़ने की संभावना है। ऐसा होने पर भारत, चीन के बाद दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा मेट्रो रेल नेटवर्क वाला देश बन जाएगा।

अमेरिका से करीब 216 किलोमीटर पीछे भारत

मौजूदा आंकड़ों के अनुसार, अमेरिका में करीब 1,386 किलोमीटर लंबा मेट्रो रेल नेटवर्क है। वहीं भारत में यह नेटवर्क लगभग 1,170 किलोमीटर हो चुका है। यानी दोनों देशों के बीच करीब 216 किलोमीटर का अंतर रह गया है।

तेजी से बढ़ रहा मेट्रो का दायरा

देश के कई शहरों में मेट्रो परियोजनाओं पर काम चल रहा है। नए कॉरिडोर जुड़ने और पुराने नेटवर्क के विस्तार से आने वाले वर्षों में भारत की कुल मेट्रो लंबाई में बड़ी बढ़ोतरी होने की उम्मीद है।

अगर मौजूदा विस्तार की रफ्तार बनी रहती है और भारत अमेरिका से आगे निकलता है, तो यह देश के शहरी परिवहन ढांचे के लिए बड़ी उपलब्धि होगी।