69.90 मीटर दर्ज हुआ जलस्तर, 2 सेंटीमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से बढ़ाव; चेतावनी स्तर से महज 36 सेंटीमीटर नीचे पहुंचा पानी

वाराणसी। गंगा के जलस्तर में एक बार फिर लगातार बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। केंद्रीय जल आयोग (CWC) के राजघाट वाराणसी गेज स्थल पर सोमवार, 31 अगस्त 2026 की सुबह 8 बजे गंगा का जलस्तर 69.90 मीटर दर्ज किया गया। जलस्तर में 2 सेंटीमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से बढ़ोतरी हो रही है। तेजी से बढ़ते जलस्तर को देखते हुए गंगा किनारे के इलाकों में लोगों की चिंता बढ़ने लगी है।

केंद्रीय जल आयोग के आंकड़ों के अनुसार गंगा का चेतावनी स्तर 70.262 मीटर निर्धारित है, जबकि खतरे का स्तर 71.262 मीटर है। वर्तमान जलस्तर चेतावनी स्तर से केवल 36 सेंटीमीटर नीचे है। ऐसे में यदि जलस्तर इसी रफ्तार से बढ़ता रहा तो गंगा जल्द ही चेतावनी स्तर के करीब पहुंच सकती है।

राजघाट पर दर्ज मौजूदा जलस्तर की तुलना गंगा के उच्चतम बाढ़ स्तर (H.F.L.) 73.901 मीटर से की जाए तो पानी अभी काफी नीचे है, लेकिन लगातार हो रही वृद्धि को देखते हुए प्रशासन और संबंधित विभागों की निगरानी महत्वपूर्ण हो गई है।

जलस्तर बढ़ने से गंगा के तटवर्ती और निचले इलाकों में सतर्कता बढ़ाने की जरूरत है। घाटों पर आने-जाने वाले लोगों, नाविकों और नदी किनारे रहने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है। प्रशासन की ओर से जलस्तर की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।

जलस्तर पर एक नजर

- तारीख: 31 अगस्त 2026

- समय: सुबह 8:00 बजे

- स्थान: राजघाट, वाराणसी (CWC)

- गंगा का वर्तमान जलस्तर: 69.90 मीटर

- चेतावनी स्तर: 70.262 मीटर

- खतरे का स्तर: 71.262 मीटर

- H.F.L.: 73.901 मीटर

- जलस्तर का रुझान: बढ़ता हुआ

- बढ़ने की रफ्तार: 2 सेंटीमीटर प्रति घंटा

फिलहाल गंगा चेतावनी स्तर से नीचे है, लेकिन लगातार बढ़ते जलस्तर को देखते हुए तटवर्ती क्षेत्रों में सतर्कता जरूरी है।