काशी में शुक्रवार को दोपहर बाद बाढ़ का विकराल रूप सबसे बड़ी चिंता बनकर सामने आया हालांकि शाम तक जलस्तर में गिरावट दर्ज किया गया। मणिकर्णिका क्षेत्र में हालात ऐसे हैं कि शवों को अंतिम संस्कार के लिए नाव से ले जाना पड़ रहा है। इसी बीच शहर में जलभराव को लेकर हाईकोर्ट की सख्ती, वाराणसी से दिल्ली जा रहे विमान की आपात लैंडिंग, बीएचयू की नई तकनीक, रैपिड एक्शन फोर्स मुख्यालय और सड़क हादसे समेत कई महत्वपूर्ण घटनाक्रम सामने आए। पढ़िए आज का वाराणसी टॉप 10 ख़बरें...
1. बाढ़ ने बदली अंतिम यात्रा की राह, मणिकर्णिका तक नाव से पहुंचाए जा रहे शव
गंगा के बढ़े जलस्तर ने काशी के घाटों और तटवर्ती इलाकों की व्यवस्था पूरी तरह बदल दी है। मणिकर्णिका घाट और आसपास की गलियों में बाढ़ का पानी भरने के कारण अंतिम संस्कार के लिए शवों को नाव के सहारे श्मशान तक पहुंचाना पड़ रहा है। सामने आई तस्वीरों में मणिकर्णिका क्षेत्र की गलियों में नावें चलती दिखाई दे रही हैं। बाढ़ से प्रभावित इलाकों में बड़ी संख्या में परिवारों को घर छोड़ना पड़ा है और प्रशासन की राहत व्यवस्था पर दबाव बढ़ा है। रिपोर्ट के अनुसार 566 परिवार घर छोड़ चुके हैं। गंगा खतरे के निशान के करीब बनी हुई हैं, जिससे तटवर्ती क्षेत्रों में रहने वाले लोगों की मुश्किलें बरकरार हैं। प्रशासन और राहत एजेंसियां संवेदनशील क्षेत्रों की निगरानी कर रही हैं।
2. जलभराव पर हाईकोर्ट सख्त, नगर निगम और जिला प्रशासन से मांगा जवाब
बारिश के बाद शहर की सड़कों और गलियों में जलभराव की समस्या अब न्यायालय तक पहुंच गई है। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने वाराणसी में जलभराव की स्थिति को लेकर नगर निगम और जिला प्रशासन के रवैये पर नाराजगी जताई है। शहर में सीवर, नालियों और जलनिकासी की व्यवस्था को लेकर लगातार शिकायतें सामने आती रही हैं। कई इलाकों में बारिश के बाद पानी जमा होने से आवागमन प्रभावित होता है और लोगों को रोजमर्रा के कामों में परेशानी उठानी पड़ती है। न्यायालय की सख्ती के बाद संबंधित विभागों पर जलनिकासी व्यवस्था को दुरुस्त करने का दबाव बढ़ गया है। इस मामले ने स्मार्ट सिटी के रूप में विकसित हो रही काशी में बुनियादी नागरिक सुविधाओं और जलनिकासी व्यवस्था की वास्तविक स्थिति को फिर चर्चा के केंद्र में ला दिया है।
3. वाराणसी से दिल्ली जा रहे विमान के कार्गो में धुआं, लखनऊ में करानी पड़ी आपात लैंडिंग
लाल बहादुर शास्त्री अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट से दिल्ली के लिए उड़ान भरने वाले एयर इंडिया एक्सप्रेस के विमान में कार्गो से धुआं निकलने की सूचना के बाद हड़कंप की स्थिति बन गई। एयर इंडिया एक्सप्रेस की उड़ान IX-1253 वाराणसी से दिल्ली जा रही थी। उड़ान के दौरान पिछले कार्गो हिस्से में धुएं से संबंधित चेतावनी मिलने के बाद सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए विमान को लखनऊ एयरपोर्ट की ओर मोड़ दिया गया और वहां आपात लैंडिंग कराई गई। विमान के सुरक्षित उतरने के बाद यात्रियों और विमान की सुरक्षा से जुड़ी आवश्यक प्रक्रिया पूरी की गई। विमानन क्षेत्र में ऐसी चेतावनी को गंभीरता से लिया जाता है, इसलिए चालक दल की सतर्कता और तत्काल निर्णय से स्थिति नियंत्रित रही। घटना वाराणसी से जुड़े दिन के प्रमुख घटनाक्रमों में शामिल रही।
4. खड़े ट्रक में घुसी बुलेट, 35 वर्षीय युवक की मौत से परिवार पर टूटा दुख
वाराणसी-आजमगढ़ मार्ग पर गोसाईपुर चौराहे के समीप सड़क किनारे खड़े ट्रक में बुलेट बाइक घुसने से 35 वर्षीय मनीष पटेल की मौत हो गई। सरैया नंबर एक निवासी मनीष रूपापुर की ओर से घर लौट रहे थे। गोसाईपुर चौराहे के पास अंधेरा होने के कारण वह सड़क किनारे खड़े ट्रक को नहीं देख सके और बाइक पीछे से ट्रक में जा टकराई। गंभीर रूप से घायल मनीष को अस्पताल पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजने के साथ दुर्घटनाग्रस्त बाइक कब्जे में लेकर विधिक कार्रवाई शुरू की। मनीष पांच भाइयों में चौथे थे। उनके चार वर्षीय बेटे और पत्नी समेत पूरे परिवार पर अचानक हुई इस मौत से दुख का पहाड़ टूट पड़ा है।
5. राजवारी की 49.91 एकड़ जमीन पर बनेगा रैपिड एक्शन फोर्स का मुख्यालय
जिले में सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने की दिशा में राजवारी क्षेत्र से महत्वपूर्ण खबर सामने आई है। राजवारी एयरपोर्ट की करीब 49.91 एकड़ जमीन पर रैपिड एक्शन फोर्स की 91वीं बटालियन का मुख्यालय स्थापित किए जाने की तैयारी है। आरएएफ की स्थायी मौजूदगी वाराणसी के साथ पूर्वांचल के लिए भी रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण मानी जा रही है। सांप्रदायिक तनाव, बड़े आयोजनों, कानून-व्यवस्था की चुनौती और आपात परिस्थितियों में आरएएफ की भूमिका अहम रहती है। वाराणसी में वर्षभर बड़े धार्मिक, सांस्कृतिक और राजनीतिक आयोजन होते हैं तथा बड़ी संख्या में देश-विदेश से पर्यटक और श्रद्धालु पहुंचते हैं। ऐसे में मुख्यालय बनने से आवश्यकता पड़ने पर विशेष बल की त्वरित तैनाती संभव हो सकेगी और सुरक्षा तंत्र को अतिरिक्त मजबूती मिलने की उम्मीद है।
6. कोयला खदानों के लिए आईआईटी बीएचयू की बड़ी खोज, बिना विस्फोट निकलेगा कोयला
आईआईटी बीएचयू के वैज्ञानिकों ने खनन क्षेत्र की सुरक्षा में महत्वपूर्ण बदलाव लाने वाली ब्लास्ट-फ्री तकनीक विकसित की है। इस तकनीक का उद्देश्य कोयला निकालने की प्रक्रिया में विस्फोट पर निर्भरता कम करना और खदानों में होने वाले हादसों के खतरे को घटाना है। परंपरागत खनन में विस्फोट के कारण सुरक्षा के साथ पर्यावरण और आसपास की संरचनाओं पर भी प्रभाव पड़ने की आशंका रहती है। नई तकनीक के व्यावहारिक उपयोग से खनन प्रक्रिया को अधिक नियंत्रित और सुरक्षित बनाने की संभावना जताई जा रही है। आईआईटी बीएचयू का यह शोध औद्योगिक क्षेत्र में संस्थान की तकनीकी क्षमता को भी रेखांकित करता है। बड़े स्तर पर सफल क्रियान्वयन होने पर यह तकनीक देश के कोयला खनन क्षेत्र में सुरक्षा और उत्पादन की प्रक्रिया में महत्वपूर्ण बदलाव का आधार बन सकती है।
7. काशी में ‘समय बैंक’ बना बुजुर्गों का सहारा, 26 सेवानिवृत्त लोगों ने जोड़ा भविष्य से रिश्ता
बदलती पारिवारिक संरचना के बीच बुजुर्गों के सुरक्षित भविष्य को लेकर काशी में ‘समय बैंक’ की अनूठी पहल सामने आई है। अपना घर आश्रम से जुड़ी इस व्यवस्था में 26 सेवानिवृत्त लोग भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए अपना समय और सेवाएं जोड़ रहे हैं। अवधारणा यह है कि व्यक्ति आज दूसरों की सहायता में जितना समय देता है, भविष्य में आवश्यकता पड़ने पर उसी सामाजिक व्यवस्था से सहयोग प्राप्त कर सके। अकेलेपन और बढ़ती उम्र में देखभाल की चिंता से जूझ रहे वरिष्ठ नागरिकों के लिए यह पहल सामाजिक सुरक्षा का नया मॉडल बन सकती है। आर्थिक लेन-देन के बजाय सेवा और समय को महत्व देने वाली यह व्यवस्था बुजुर्गों को सामाजिक रूप से सक्रिय रखने के साथ उनमें भविष्य के प्रति भरोसा पैदा करने का प्रयास भी है।
8. ‘आनंद काशी’ में 1004 आवासीय भूखंडों की तैयारी, रेरा मंजूरी अंतिम चरण में
शहर में व्यवस्थित आवास की तलाश कर रहे लोगों के लिए ‘आनंद काशी’ आवासीय योजना महत्वपूर्ण परियोजना के रूप में आगे बढ़ रही है। कल्लीपुर क्षेत्र में काशी थीम पर विकसित की जा रही इस गेटेड सिटी योजना में करीब 1004 आवासीय भूखंड उपलब्ध कराने की तैयारी है। वाराणसी विकास प्राधिकरण की इस परियोजना के लिए रेरा अनुमोदन की प्रक्रिया अंतिम चरण में बताई गई है। मंजूरी पूरी होने के बाद पंजीकरण की दिशा में आगे की प्रक्रिया शुरू होने की उम्मीद है। तेजी से बढ़ते वाराणसी में नियोजित आवासीय क्षेत्रों की मांग लगातार बढ़ी है। ऐसे में सड़क, नागरिक सुविधाओं और नियोजित विकास के साथ प्रस्तावित यह योजना मध्यम वर्ग सहित अपना घर बनाने की योजना बना रहे परिवारों के लिए महत्वपूर्ण विकल्प बन सकती है।
9. पेट्रोल में पानी की शिकायत पर बढ़ा विवाद, पूर्व पार्षद ने मैनेजर पर लगाया दुर्व्यवहार का आरोप
महामना कैंसर संस्थान के सामने स्थित पेट्रोल पंप पर पेट्रोल में पानी मिलने की शिकायत को लेकर विवाद सामने आया है। शिकायत लेकर पेट्रोल पंप पहुंचे एक पूर्व पार्षद ने पंप मैनेजर पर दुर्व्यवहार करने का आरोप लगाया। मामला वाहन में ईंधन भरवाने के बाद पेट्रोल की गुणवत्ता पर संदेह से जुड़ा बताया गया है। शिकायत के समाधान के बजाय विवाद बढ़ने से मामला चर्चा में आ गया। पेट्रोल में पानी या किसी प्रकार की मिलावट की शिकायत सीधे वाहन के इंजन और उपभोक्ता की आर्थिक सुरक्षा से जुड़ी होती है, इसलिए ऐसी शिकायतों की निष्पक्ष जांच महत्वपूर्ण मानी जाती है। घटनाक्रम के बाद ईंधन की गुणवत्ता, उपभोक्ता शिकायतों के निस्तारण और पेट्रोल पंपों पर जवाबदेही को लेकर भी सवाल सामने आए हैं।
10. खाने का पैसा मांगने पर ढाबा मालिक की पिटाई, जानलेवा हमले का आरोपी गिरफ्तार
रोहनिया क्षेत्र में ढाबे पर खाना खाने के बाद पैसे मांगना संचालक को भारी पड़ गया। आरोप है कि भुगतान मांगने पर ढाबा मालिक के साथ इस कदर मारपीट की गई कि वह गंभीर रूप से घायल हो गया। मामले में पुलिस ने प्राणघातक हमले के एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। घटना के बाद दर्ज मुकदमे के आधार पर पुलिस आरोपियों की तलाश में जुटी थी और कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को पकड़ लिया गया। सामान्य लेन-देन के विवाद में हिंसक हमला किए जाने की घटना ने क्षेत्र में कानून-व्यवस्था और व्यापारियों की सुरक्षा का मुद्दा भी सामने ला दिया है। पुलिस मामले में आगे की विधिक कार्रवाई कर रही है और घटना में शामिल अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।
Comments (0)