मेजा, प्रयागराज। मेजा क्षेत्र स्थित सिरसा-टेला घाट पर पक्के पुल की मांग लंबे समय से की जा रही है, लेकिन अब तक इस दिशा में ठोस पहल नहीं होने से ग्रामीणों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। क्षेत्र के लोगों का कहना है कि पुल का निर्माण होने से सिरसा समेत आसपास के दर्जनों गांवों के लोगों को आवागमन में बड़ी राहत मिलेगी और रोजगार, शिक्षा, व्यापार तथा स्वास्थ्य सुविधाओं तक पहुंच आसान हो जाएगी।

बरसात और बाढ़ के मौसम में गंगा का जलस्तर बढ़ने के साथ सिरसा-टेला घाट पर आवागमन बेहद जोखिम भरा हो जाता है। इसके बावजूद रोजमर्रा के जरूरी कार्यों के लिए ग्रामीणों को नाव के सहारे गंगा पार करनी पड़ती है। जलस्तर अधिक होने पर छोटी नावों से यात्रा करना लोगों के लिए खतरे से खाली नहीं रहता। खासकर बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है।

ग्रामीणों का कहना है कि घाट पर पक्का पुल बनने से आसपास के गांवों के बीच संपर्क मजबूत होगा। किसानों को अपनी उपज बाजार तक पहुंचाने में सुविधा मिलेगी, वहीं विद्यार्थियों और नौकरी-पेशा लोगों का आवागमन भी सुगम होगा। बाढ़ के समय आपात स्थिति में मरीजों को अस्पताल पहुंचाने में भी पुल महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।

ग्रामीणों ने जनप्रतिनिधियों और संबंधित विभाग के अधिकारियों से सिरसा-टेला घाट पर पक्के पुल के निर्माण की मांग को गंभीरता से लेते हुए सर्वे और आवश्यक कार्रवाई शुरू कराने की अपील की है। लोगों का कहना है कि वर्षों से चली आ रही मांग को अब आश्वासन के बजाय धरातल पर उतारने की जरूरत है।