शिक्षा, चिकित्सा और समाजसेवा में उत्कृष्ट योगदान के लिए बृजलोक साहित्य कला संस्कृति अकादमी द्वारा सम्मानित


वाराणसी। शिक्षा, चिकित्सा एवं समाजसेवा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाली वरिष्ठ प्रसूति एवं स्त्री रोग विशेषज्ञ तथा एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. संध्या यादव को बृजलोक साहित्य कला संस्कृति अकादमी, आगरा द्वारा शिक्षक दिवस के अवसर पर अखिल भारतीय राष्ट्रीय शिक्षक शिरोमणि सम्मान-2026 से सम्मानित किया गया। यह सम्मान उनके समर्पित सेवा भाव और बहुआयामी कार्यों की सराहना में प्रदान किया गया है। डॉ. संध्या यादव ने कम उम्र में ही चिकित्सा के साथ-साथ समाजसेवा के क्षेत्र में भी अपनी एक अलग पहचान बनाई है। उनके द्वारा किए गए कार्य न केवल पेशेवर बल्कि मानवीय दृष्टिकोण से भी अनुकरणीय माने जाते हैं। वे समय-समय पर अपने सहयोगियों के साथ मिलकर गरीब बस्तियों में निशुल्क चिकित्सा शिविर आयोजित करती हैं। इन शिविरों में महिलाओं को मुफ्त मेडिकल परामर्श, आवश्यक जांच तथा दवाइयां उपलब्ध कराई जाती हैं। साथ ही, वे गांव-गांव जाकर महिलाओं को विभिन्न रोगों से बचाव के उपाय बताती हैं और उनके स्वास्थ्य की नियमित देखभाल करती हैं।

महिला स्वास्थ्य संबंधी विषयों पर डॉ. संध्या के आलेख विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं में नियमित रूप से प्रकाशित होते रहते हैं, जिससे समाज में जागरूकता फैलाने में मदद मिलती है। इससे पहले भी उन्हें कई प्रतिष्ठित सम्मानों से नवाजा जा चुका है। इनमें काशीरत्न सम्मान, गोवर्धन श्री सम्मान, सेवा सम्मान अलंकरण 2021, साहित्य शक्ति सम्मान, अंतरराष्ट्रीय भूषण सम्मान, राम किशुन महतो शिक्षक सम्मान, यूनिवर्सल लाइफ टाइम अचीवमेंट सम्मान, सर्वपल्ली राधाकृष्णन अवॉर्ड, स्वर्णिम मुंशी प्रेमचंद सम्मान तथा मां भारती सेवा सम्मान शामिल हैं। शिक्षक दिवस के अवसर पर गर्भवती महिलाओं को विशेष रूप से जागरूक करते हुए डॉ. संध्या यादव ने कहा कि शरीर के विकास और स्वास्थ्य के लिए संतुलित आहार का महत्व किसी भी स्थिति में कम नहीं आंका जाना चाहिए। उन्होंने महिलाओं से आग्रह किया कि वे अपने स्वास्थ्य को प्राथमिकता दें और नियमित जांच तथा सही पोषण पर ध्यान दें।