प्रयागराज। मंडलायुक्त के निर्देश पर खाद्य विभाग ने खाद्य प्रतिष्ठानों के खिलाफ जांच और निरीक्षण अभियान तेज कर दिया है। इसी क्रम में शहर के विभिन्न पिज्जा हट और डोमिनोज प्रतिष्ठानों के साथ ही कोरांव बाजार व आसपास के खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया। जांच के दौरान वेज और नॉन-वेज खाद्य पदार्थों के निर्माण एवं भंडारण में पृथक्करण की समुचित व्यवस्था नहीं मिलने, कर्मचारियों के स्वास्थ्य प्रमाण पत्र उपलब्ध नहीं होने, स्वच्छता में कमी तथा यूज-बाय और डिस्कार्ड डेट वाले खाद्य पदार्थों के निस्तारण में लापरवाही समेत कई अनियमितताएं सामने आईं। खाद्य विभाग ने संबंधित प्रतिष्ठानों को 14 दिन का नोटिस जारी कर कमियों को दूर करने के निर्देश दिए हैं।

31 अगस्त को खाद्य सुरक्षा अधिकारी ने एसपी मार्ग, सिविल लाइंस स्थित पिज्जा हट का निरीक्षण किया। यहां वेज और नॉन-वेज खाद्य पदार्थों के निर्माण में इस्तेमाल होने वाले बर्तनों की अलग पहचान नहीं थी। दोनों प्रकार के खाद्य पदार्थों के भंडारण को भी अलग-अलग चिन्हित नहीं किया गया था। खाद्य पदार्थों पर अंकित यूज-बाय और डिस्कार्ड डेट का समय से निस्तारण नहीं किया जा रहा था। मुख्य रसोई में कर्मचारियों द्वारा हेड कवर, ग्लव्स और एप्रन का इस्तेमाल भी नहीं किया जा रहा था। पिज्जा की पैकिंग में इस्तेमाल सामग्री के खाद्य-ग्रेड होने का प्रमाण पत्र भी प्रस्तुत नहीं किया गया। तैयार पिज्जा रखने के लिए इस्तेमाल कॉर्क पैड गंदी अवस्था में मिला। प्रिपरेशन और क्लीनिंग क्षेत्र में जल निकासी की व्यवस्था खराब तथा नालियां चोक मिलीं। कर्मचारियों के अद्यतन स्वास्थ्य प्रमाण पत्र और फूड सेफ्टी चेकलिस्ट भी उपलब्ध नहीं थी।

एमजी मार्ग, सिविल लाइंस स्थित दूसरे पिज्जा हट में भी वेज और नॉन-वेज खाद्य पदार्थों के लिए इस्तेमाल बर्तनों का पृथक्करण स्पष्ट नहीं था। डीप फ्रीजर में दोनों प्रकार के खाद्य पदार्थों के अलग-अलग भंडारण की व्यवस्था भी नहीं मिली। पिज्जा बनाने वाले कर्मचारियों के स्वास्थ्य प्रमाण पत्र उपलब्ध नहीं थे। वाशिंग सिंक की जल निकासी व्यवस्था खराब मिली। पेस्ट कंट्रोल और क्लीनिंग कार्यक्रम की एसओपी व चेकलिस्ट भी प्रस्तुत नहीं की गई।

एसपी मार्ग स्थित डोमिनोज का निरीक्षण एक सितंबर को किया गया। यहां कोल्ड चैंबर में वेज और नॉन-वेज खाद्य पदार्थों को अलग रखने की व्यवस्था चिन्हित नहीं थी। कर्मचारियों के स्वास्थ्य प्रमाण पत्र उपलब्ध नहीं मिले और कुछ कर्मचारी पिज्जा तैयार करते समय हैंड ग्लव्स का इस्तेमाल नहीं कर रहे थे। मुख्य रसोई में कर्मचारियों के लोडिंग बैग और हेलमेट रखे पाए गए। इन्हें अलग निर्धारित स्थान पर रखने के निर्देश दिए गए। पेस्ट कंट्रोल तथा क्लीनिंग कार्यक्रम की एसओपी और चेकलिस्ट भी उपलब्ध नहीं कराई गई। डिलीवरी बॉय अथवा अनधिकृत व्यक्तियों के रसोई में प्रवेश को रोकने के लिए पिछले द्वार से केवल अधिकृत लोगों को प्रवेश देने की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।

वहीं 31 अगस्त को लोकसेवा, जॉर्ज टाउन स्थित डोमिनोज पिज्जा में भी कई कमियां मिलीं। वेज और नॉन-वेज खाद्य पदार्थों के लिए बर्तनों की अलग पहचान तथा भंडारण की व्यवस्था नहीं थी। यूज-बाय और डिस्कार्ड डेट वाले खाद्य पदार्थों के निस्तारण में भी लापरवाही मिली। रसोई में कर्मचारियों द्वारा हेड कवर, ग्लव्स और एप्रन का इस्तेमाल नहीं किया जा रहा था। पिज्जा पैकिंग सामग्री के खाद्य-ग्रेड प्रमाण पत्र, मेडिकल फिटनेस प्रमाण पत्र, पेस्ट कंट्रोल कार्यक्रम और अद्यतन फूड सेफ्टी चेकलिस्ट प्रस्तुत नहीं की गई। गर्म पिज्जा रखने वाला कॉर्क पैड भी गंदा मिला।

इधर एक सितंबर को कोरांव बाजार और आसपास के क्षेत्रों में भी खाद्य प्रतिष्ठानों की जांच की गई। ट्रिमेंड गंज रोड स्थित दीपक स्वीट हाउस और कंचन स्वीट हाउस से बर्फी तथा मिल्क केक के एक-एक विधिक नमूने लिए गए। मांडा रोड स्थित एक दुकान बंद मिली। देवरा मोड़ स्थित शौर्य स्वीट हाउस में साफ-सफाई मानकों के अनुरूप नहीं मिली, जिस पर नोटिस जारी किया गया। लेड़ियारी बाजार स्थित उमाशंकर केसरवानी की दुकान से बेसन के लड्डू का विधिक नमूना संग्रहित किया गया।

खाद्य विभाग के अनुसार सभी संग्रहित नमूनों को जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा जा रहा है। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। संबंधित प्रतिष्ठानों को 14 दिन के भीतर कमियां दूर कर आवश्यक अभिलेखों के साथ विभाग को अवगत कराने के निर्देश दिए गए हैं। निर्धारित समय में अनुपालन नहीं होने पर खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के तहत नियमानुसार विधिक कार्रवाई की जाएगी।